लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत नामांतरण प्रकरणों में लापरवाही पर कलेक्टर की सख्त कार्रवाई।
रीवा जिले के 13 तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों पर जुर्माना, 2 अधिकारियों को चेतावनी
लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत नागरिकों को समयबद्ध सेवाएं प्रदान करने के उद्देश्य से निर्धारित नियमों का पालन न करने वाले अधिकारियों पर रीवा कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने सख्त कार्रवाई की है। कलेक्टर ने अविवादित नामांतरण प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण नहीं करने पर जिले के कुल 13 तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों पर अर्थदंड अधिरोपित किया है, वहीं दो अधिकारियों को चेतावनी जारी की गई है।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत जनता को निर्धारित समय में सेवाएं मिलनी चाहिए, और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह अधिनियम आम नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए लागू किया गया है, और अधिकारी इसकी अवहेलना नहीं कर सकते।
जुर्माना लगे अधिकारियों की सूची इस प्रकार है:
2,000 रुपये का जुर्माना:
शिवशंकर शुक्ला, तहसीलदार, हुजूर
साधना सिंह, नायब तहसीलदार, मनगवां
वेदवती सिंह, नायब तहसीलदार, जवा
राजेश तिवारी, नायब तहसीलदार, सेमरिया
राजेश शुक्ला, नायब तहसीलदार, त्योंथर
1,000 रुपये का जुर्माना:
प्रकाश उपाध्याय, नायब तहसीलदार, त्योंथर
द्वारिका प्रसाद दहायत, नायब तहसीलदार, त्योंथर
सुमित गुप्ता, तहसीलदार, मनगवां
राजकुमार टाण्डिया, नायब तहसीलदार, जवा
विनय मूर्ति शुक्ला, तहसीलदार, रायपुर कर्चुलियान
रमाकांत तिवारी, नायब तहसीलदार, सिरमौर
मनोज शुक्ला, नायब तहसीलदार, हुजूर
राजीव शुक्ला, नायब तहसीलदार, मनगवां
चेतावनी प्राप्त अधिकारी:
नीलेश सिंह धुर्वे, तहसीलदार, त्योंथर
अर्जुन वेलवंशी, तहसीलदार, सेमरिया
कलेक्टर श्रीमती पाल ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे भविष्य में समयबद्ध रूप से नामांतरण सहित अन्य राजस्व प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रकार की लापरवाही न केवल प्रशासन की छवि को धूमिल करती है, बल्कि आम नागरिकों की परेशानी का कारण भी बनती है।
जनहित को सर्वोपरि रखते हुए कलेक्टर ने यह संदेश दिया कि शासन द्वारा निर्धारित सेवाओं में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

