सथनी सरपंच की दबंगई चरम पर – पत्रकार को दी जान से मारने की धमकी, गाली-गलौज का ऑडियो वायरल
सेमरिया विधायक के संरक्षण में सरपंच की खुली गुंडागर्दी, कानून का तनिक भय नहीं
विंध्य वसुंधरा समाचार सेमरिया रीवा मध्यप्रदेश
मध्यप्रदेश में इन दिनों कुछ जनप्रतिनिधियों के सिर पर पद का नशा इस कदर चढ़ चुका है कि वे जनता के सेवक से अधिक खुद को गांव और इलाके का बादशाह समझने लगे हैं। रीवा जिले की सेमरिया विधानसभा इन दिनों ऐसी ही घटनाओं के चलते सुर्खियों में है। यहां के ग्राम पंचायत सथनी के सरपंच शनि समदरिया, जो सेमरिया के कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा के करीबी बताए जाते हैं, सरपंची की कुर्सी पर बैठते ही दबंगई के चरम पर पहुंच चुके हैं।
ताजा मामला तब सामने आया जब सेमरिया क्षेत्र के क्षेत्रीय पत्रकार अजय कुमार अग्निहोत्री ने थाने में लिखित शिकायत देकर आरोप लगाया कि सरपंच ने देर रात उन्हें फोन कर न केवल मां-बहन की भद्दी गालियां दीं बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी। इस पूरी बातचीत का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है, जिसमें शनि समदरिया खुलेआम गालियां देता है और धमकी देते हुए कहता है – “अच्छे से ऑडियो रिकॉर्ड कर लो”।
पत्रकार ने बताया कि यह विवाद एक पंचायत में चल रहे भ्रष्टाचार संबंधी समाचार को लेकर हुआ है, जिसे उन्होंने प्रकाशित किया था। इससे साफ है कि सरपंच अपनी कुर्सी और राजनीतिक संरक्षण के दम पर पत्रकारों तक को धमकाने से पीछे नहीं हट रहा।
अपराधों का अड्डा बन चुका पंचायत भवन
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार ग्राम पंचायत सथनी का पंचायत भवन अब जनसमस्याओं के समाधान का केंद्र न होकर नशाखोरी और आपराधिक गतिविधियों का अड्डा बन चुका है। यहां नशेड़ियों की बैठकों से लेकर आपराधिक घटनाओं की साजिशें रची जाती हैं और इस ‘पाठशाला’ का मुख्य ‘हेड मास्टर’ खुद सरपंच शनि समदरिया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच पर पहले से ही चोरी, बलात्कार, पास्को एक्ट, मारपीट और धमकी जैसे गंभीर मामलों में पुलिस थानों में प्रकरण दर्ज हैं। यहां तक कि एक बार ग्रामीणों ने उसकी दबंगई से तंग आकर जूते-चप्पलों से उसकी पिटाई भी की थी।



