गढ़ क्षेत्र के चंदन बाग मंदिर प्रांगण में कार्तिक मास के पावन अवसर पर श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन हो रहा है। यह धार्मिक आयोजन 13 नवंबर से 20 नवम्बर तक कथा चल रही है। जिसमें श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। कथा का वाचन वृंदावन धाम से पधारे प्रख्यात कथा व्यास श्री देवेन्द्राचार्य महाराज जी के द्वारा किया जा रहा है। उनके मुखारविंद से भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं और दिव्य प्रसंगों का वर्णन सुनकर श्रोतागण भाव-विभोर हो रहे हैं।
कथा में भगवान की लीलाओं का अनूठा वर्णन
कथा व्यास महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, गोवर्धन पर्वत उठाने की कथा, रास लीला, और अन्य अद्भुत प्रसंगों का ऐसा सरस और रोचक वर्णन किया कि श्रोता मंत्रमुग्ध हो गए। कथा स्थल पर उपस्थित भक्तों ने बताया कि महाराज जी के वचनों में भक्ति और ज्ञान का ऐसा प्रवाह है, जो जीवन को दिशा देने वाला है।
भक्तों की उमड़ी भारी भीड़
कथा के प्रति श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बनता है। चंदन बाग मंदिर का प्रांगण हर दिन श्रद्धालुओं से भरा रहता है। दूर-दूर से आए ग्रामीण और श्रद्धालु भगवान श्रीकृष्ण की कथाओं का आनंद लेने के लिए एकत्र हो रहे हैं। भक्तजन भगवान की कथाओं को सुनकर भक्ति रस में डूब जाते हैं और उनकी लीलाओं से प्रेरित होकर जीवन में धर्म और सद्गुणों को अपनाने का संकल्प ले रहे हैं।
भक्ति और सत्संग का अद्भुत संगम
कथा आयोजन से पूरे क्षेत्र में भक्ति और आध्यात्मिकता का वातावरण निर्मित हो गया है। ग्रामवासियों ने बताया कि इस आयोजन से न केवल उन्हें भगवत भक्ति का मार्ग मिला है, बल्कि यह सत्संग उनके जीवन में शांति और प्रेरणा का संचार भी कर रहा है।
धार्मिक उत्सव का विशेष महत्व
कार्तिक मास को धर्म और पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। ऐसे में इस महीने में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा श्रद्धालुओं के लिए एक अद्वितीय अवसर बन गई है। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि कथा का समापन एक भव्य हवन और प्रसाद वितरण के साथ किया जाएगा।
यह धार्मिक आयोजन क्षेत्र के लोगों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बन गया है और यह श्रद्धालुओं के जीवन में भक्ति, शांति और आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त कर रहा है।

