रीवा पुलिस ने 24 घंटे के भीतर सामूहिक बलात्कार के आरोपियों को किया गिरफ्तार
रीवा। जिले में पुलिस प्रशासन ने एक बार फिर त्वरित कार्रवाई का उत्कृष्ट उदाहरण पेश किया है। सामूहिक बलात्कार की एक जघन्य घटना में शामिल आरोपियों को पुलिस ने घटना के महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधीक्षक विवेक सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनकर (शहर), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक कुमार लाल (देहात) और नगर पुलिस अधीक्षक शिवाली चतुर्वेदी के निर्देशन में कोतवाली थाना प्रभारी अरविंद सिंह राठौर और उनकी टीम ने यह कार्रवाई की।
घटना का विवरण
28 दिसंबर 2024 को पीड़िता ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई कि वह मजदूरी की तलाश में सुबह 10 बजे छोटी दरगाह की ओर जा रही थी। एसजीएमएच अस्पताल के पास शंकर मंदिर के सामने दो अज्ञात व्यक्तियों ने मजदूरी दिलाने का झांसा देकर उसे पांडे टोला स्कूल के पीछे एक सुनसान झाड़ी में ले गए। वहां आरोपियों ने उसके साथ जबरदस्ती बलात्कार किया। जब पीड़िता ने मदद के लिए आवाज लगाई, तो आरोपियों ने उसे धमकाया और मारपीट भी की।
पुलिस की कार्रवाई
शिकायत दर्ज होने के तुरंत बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तीन विशेष टीमों का गठन किया।
1. पहली टीम: रास्ते में लगे 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर आरोपियों के बारे में सुराग जुटाए।
2. दूसरी टीम: घटना स्थल और आसपास के क्षेत्र में गवाहों और पीड़िता द्वारा बताए गए हुलिये के आधार पर जानकारी एकत्र की।
3. तीसरी टीम: घटना स्थल को सुरक्षित कर फॉरेंसिक जांच शुरू की।
लगभग 30 से अधिक लोगों से पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई।
गिरफ्तारी का विवरण
पहला आरोपी: अभिषेक हरिजन (32), निवासी पांडे टोला, को उसके मोहल्ले से गिरफ्तार किया गया।
दूसरा आरोपी: धर्मराज बंसल उर्फ धरमू बंसल (25), निवासी गुढ़ चौराहा, जो भागने की कोशिश में नया बस स्टैंड पहुंचा था, वहीं से पकड़ा गया।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उन्होंने अपराध कबूल कर लिया। इसके बाद उन्हें न्यायालय में पेश कर केंद्रीय जेल रीवा भेज दिया गया।
महत्वपूर्ण भूमिका
पुलिस टीम की त्वरित कार्रवाई में निम्नलिखित अधिकारियों और कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा:
थाना प्रभारी: उप निरीक्षक अरविंद सिंह राठौर
महिला पुलिसकर्मी: सुशीला साकेत, रुक्मणी पांडेय, सोनाली गुप्ता, सुनीता सोलंकी
पुलिस टीम: महेंद्र त्रिपाठी, राजकुमार तिवारी, अनिल विश्वकर्मा, संजीत यादव, सुधीर शुक्ला, ओमकार त्रिपाठी, रज्जन प्रजापति, और शिवम पांडेय
समाज में संदेश
रीवा पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने अपराधियों को यह स्पष्ट संदेश दिया है कि अपराध करने के बाद भी कानून की पकड़ से बचना असंभव है। इस कार्रवाई से समाज में पुलिस के प्रति विश्वास और कानून व्यवस्था के प्रति लोगों का भरोसा और मजबूत हुआ है।

