अधिवक्ताओं ने कुंभ स्नानार्थियों को वितरित किया भोजन एवं जल
सामाजिक सेवा में अधिवक्ताओं ने निभाई महत्वपूर्ण भूमिका
विंध्य वसुंधरा समाचार शैलेन्द्र मिश्रा रीवा, 12 फरवरी 2025:
कुंभ मेले के पावन अवसर पर तहसील अधिवक्ता संघ के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने स्नानार्थियों के लिए विशेष सेवा कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम के तहत श्रद्धालुओं को निशुल्क भोजन और जल वितरित किया गया, जिससे कुंभ यात्रा में उनकी कठिनाइयाँ कम हो सकें।
तहसील अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष प्रभात चंद्र द्विवेदी, वरिष्ठ अधिवक्ता राजेश शर्मा, के.के. शर्मा सहित कई अधिवक्ताओं ने मिलकर इस सेवा कार्य में योगदान दिया। इस दौरान राजस्व विभाग के एसडीएम पी एस त्रिपाठी, नायब तहसीलदार मनोज सिंह, संजीव शुक्ला सहित प्रशासनिक अधिकारियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और सेवा कार्य में सहयोग किया।
मानवता का उत्कृष्ट प्रदर्शन
आज दिनांक 12 फरवरी 2025 को दोपहर 12:00 बजे इस सेवा कार्यक्रम की शुरुआत की गई। श्रद्धालुओं की सेवा हेतु बड़ी मात्रा में भोजन तैयार कराया गया और उन्हें पानी की बोतलें भी वितरित की गईं। कुंभ मेले में आने वाले हजारों यात्रियों को इस पहल का लाभ मिला।
एसडीएम पी.एस. त्रिपाठी ने इस सेवा कार्य की सराहना करते हुए कहा, "यह पहल समाज के अन्य संगठनों के लिए भी प्रेरणादायक होगी। कुंभ जैसे विशाल धार्मिक आयोजन में सेवा कार्य न केवल जरूरतमंदों की मदद करता है, बल्कि समाज में सामूहिक सहयोग और सौहार्द का भी संदेश देता है।"
सभी वर्गों का योगदान
यह पहल केवल अधिवक्ताओं तक ही सीमित नहीं रही, बल्कि मध्य प्रदेश सरकार, प्रशासनिक अधिकारी, सामाजिक संगठन और राजनीतिक दलों ने भी इसमें अपनी भागीदारी निभाई। सभी ने अपने-अपने स्तर पर मानव धर्म निभाते हुए कुंभ यात्रियों को भोजन एवं जल उपलब्ध कराया।
इस आयोजन में अधिवक्ताओं की सक्रिय भूमिका ने यह सिद्ध किया कि वे केवल न्यायिक कार्यों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समाज सेवा में भी अग्रणी भूमिका निभा सकते हैं।
श्रद्धालुओं ने व्यक्त किया आभार
कुंभ मेले में आए श्रद्धालुओं ने इस सेवा कार्यक्रम की सराहना करते हुए अधिवक्ताओं और प्रशासन को धन्यवाद दिया। भोजन और जल वितरण की इस पहल से यात्रियों को न केवल राहत मिली, बल्कि उनके कुंभ स्नान का अनुभव भी और अधिक सुखद बन गया।
समाज को मिला एक प्रेरणादायक संदेश
कुंभ मेला धार्मिक आस्था और मानव सेवा का संगम होता है। इस प्रकार के सेवा कार्य न केवल सामाजिक दायित्व को पूरा करते हैं, बल्कि एक सकारात्मक संदेश भी देते हैं। तहसील अधिवक्ता संघ की यह पहल निश्चित रूप से अन्य संगठनों को भी प्रेरित करेगी कि वे आगे आकर जरूरतमंदों की सेवा करें।




