प्रार्थना अस्पताल में लापरवाही: प्रसूता की मौत, परिजनों ने न्याय की गुहार
विंध्य वसुंधरा समाचार रीवा (मध्य प्रदेश)। रीवा जिले के प्रार्थना अस्पताल में चिकित्सा लापरवाही का एक और गंभीर मामला सामने आया है। एक गर्भवती महिला की प्रसव के बाद हालत बिगड़ने से मौत हो गई, जिससे परिजनों में आक्रोश है। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन और महिला चिकित्सक डॉ. सोनल अग्रवाल पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए एसपी कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई है। परिजनों ने इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है।
गर्भवती महिला की मौत, परिवार ने लगाए गंभीर आरोप
पीड़ित परिवार के अनुसार, नईबस्ती पडऱा निवासी अंजली सिंह (25), पत्नी भंवर सिंह की प्रसव तिथि 22 फरवरी 2025 निर्धारित थी। नियमित जांच के लिए उसे 4 फरवरी 2025 को प्रार्थना अस्पताल लाया गया। डॉ. सोनल अग्रवाल ने बताया कि अंजली के गर्भ में पल रहे शिशु की स्थिति सामान्य है, लेकिन शरीर में पानी की कमी होने की बात कहकर तत्काल भर्ती कर लिया गया। परिजनों के मुताबिक, अंजली पूरी तरह स्वस्थ थी और सामान्य डिलीवरी संभव थी, लेकिन डॉक्टरों ने सीजेरियन ऑपरेशन का फैसला लिया। रात 10:48 बजे ऑपरेशन के बाद बच्ची के जन्म की सूचना दी गई और जच्चा-बच्चा दोनों को स्वस्थ बताया गया। यह सुनकर परिजन घर लौट गए, लेकिन कुछ ही घंटों बाद उनकी जिंदगी बदल गई।
अस्पताल प्रशासन ने की मनमानी, बच्चेदानी निकालने का लिया फैसला
रात करीब 1:00 बजे अंजली के पति को फोन आया कि उसकी हालत बिगड़ रही है और 10 यूनिट रक्त चढ़ाने की जरूरत है। कुछ देर बाद डॉक्टरों ने बच्चेदानी निकालने की बात कही। जब परिजन पहुंचे, तो अस्पताल प्रशासन ने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और जल्द ही जबलपुर रेफर करने को कह दिया।
परिजनों का आरोप है कि अस्पताल ने 1,09,750 रुपये का बिल जमा किए बिना मरीज को रेफर करने से इनकार कर दिया। घंटों की देरी के बाद सुबह 5:00 बजे वेंटिलेटर सपोर्ट पर अंजली को जबलपुर भेजा गया, लेकिन अत्यधिक रक्तस्राव के कारण 5 फरवरी 2025 को उसकी मौत हो गई।
पहले भी विवादों में रहा है प्रार्थना अस्पताल
यह पहला मामला नहीं है जब प्रार्थना अस्पताल पर लापरवाही के आरोप लगे हों। इससे पहले भी अस्पताल में कई मरीजों की मौत हो चुकी है, लेकिन प्रशासन द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
डॉ. सोनल अग्रवाल पर पहले भी लगे हैं आरोप
संबंधित महिला चिकित्सक डॉ. सोनल अग्रवाल पर पहले भी गंभीर आरोप लग चुके हैं। वे श्याम शाह मेडिकल कॉलेज में पदस्थ थीं, लेकिन लापरवाही के कारण बर्खास्तगी की कार्रवाई लंबित है। भोपाल से आई विशेष जांच टीम ने भी उनके खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
एसपी कार्यालय पहुंचे परिजन, न्याय की गुहार
अंजली के ससुर अरुण सिंह बिसेन ने एसपी रीवा को शिकायत पत्र सौंपकर डॉ. सोनल अग्रवाल और अस्पताल प्रशासन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। परिजनों का कहना है कि यदि दोषियों को सजा नहीं मिली तो वे उच्च प्रशासन से न्याय की गुहार लगाएंगे।
क्या प्रशासन उठाएगा ठोस कदम?
प्रार्थना अस्पताल में लापरवाही की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन प्रशासन की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है। क्या इस बार पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा? या फिर यह मामला भी अन्य घटनाओं की तरह धूल खा जाएगा? रीवा जिले के स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन को चाहिए कि इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करे, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।



