गड़रा कांड: पुलिस ने ड्रोन कैमरों से जंगल में तलाशकर पकड़े छह आरोपी, मुख्य आरोपी की मां अभी भी फरार
रीवा। मऊगंज जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के गड़रा गांव में हुई गंभीर आपराधिक घटना के फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस ने ड्रोन कैमरों का सहारा लिया। आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार घने जंगलों में दबिश दे रही थी, लेकिन वे हर बार बच निकलते थे। इसी को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी निगरानी बढ़ाई और ड्रोन कैमरे से जंगल में छिपे आरोपियों को ट्रेस करना शुरू किया। इस दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि कुछ आरोपी प्रयागराज भाग गए हैं। तत्पश्चात, पुलिस की टीमें वहां रवाना की गईं और मुख्य आरोपी अशोक कोल की बहन समेत छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया।
ड्रोन से जंगल में तलाशी अभियान, फिर प्रयागराज में दबिश
गड़रा गांव की इस घटना में शामिल मुख्य आरोपी और उनके साथी लगातार जंगलों में छिपकर पुलिस को चकमा दे रहे थे। पुलिस को इनकी आखिरी लोकेशन शाहपुर थाना क्षेत्र के रेहड़ा जंगल में मिली थी। इस पर पुलिस ने कई बार दबिश दी, लेकिन हर बार आरोपी बचकर निकल जाते थे। जंगल का इलाका बेहद घना और दुर्गम होने के कारण पुलिस के लिए तलाशी अभियान कठिन हो रहा था।
ऐसे में, पुलिस ने ड्रोन कैमरों का उपयोग करते हुए पूरे जंगल की निगरानी शुरू की। ड्रोन की मदद से पुलिस ने संदिग्ध स्थानों की पहचान की और सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया। इस दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी प्रयागराज की ओर भाग निकले हैं।
सूचना मिलते ही मऊगंज से पुलिस की विशेष टीमें गठित कर प्रयागराज के कोतवाली थाना क्षेत्र के मुखिया गंज इलाके में दबिश दी गई। यहां से चार पुरुष और दो महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया गया, जिनमें मुख्य आरोपी अशोक कोल की बहन भी शामिल है।
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी
गिरफ्तार आरोपियों को पुलिस ने मऊगंज लाकर गहन पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस उनसे घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घटना की साजिश कहां और कैसे रची गई थी, और इसमें और कौन-कौन शामिल था।
मुख्य आरोपी की मां अभी भी फरार, पुलिस कर रही तलाश
गिरफ्तारियों के बावजूद पुलिस के लिए यह मामला पूरी तरह सुलझा नहीं है, क्योंकि मुख्य आरोपी अशोक कोल की मां गुड़िया कोल अब भी फरार है। जानकारी के मुताबिक, गुड़िया कोल और उसकी बेटी ने ही इस घटना के दौरान पुलिस अधिकारियों को आग लगाने की धमकी दी थी।
पुलिस के पास इस संबंध में मजबूत साक्ष्य भी आ चुके हैं, जिसके आधार पर उसकी तलाश तेज कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही मुख्य आरोपी की मां को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
घटना के बाद जंगल में छिपे थे आरोपी, फिर प्रयागराज भागे
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि घटना के तुरंत बाद वे सभी रेहड़ा जंगल में जाकर छिप गए थे। वे लगातार पुलिस की मूवमेंट पर नजर रख रहे थे और जब उन्होंने देखा कि पुलिस घेराबंदी तेज कर रही है, तो वे वहां से निकलकर प्रयागराज चले गए।
हालांकि, पुलिस की तत्परता और सूचना तंत्र की सक्रियता के कारण वे ज्यादा दिन तक छिप नहीं सके और प्रयागराज में पुलिस के हत्थे चढ़ गए।
गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर घटना के पीछे के मकसद और अन्य संभावित आरोपियों की जानकारी जुटाई जा रही है।
पूरे मामले में और साक्ष्य इकट्ठा करने के लिए डिजिटल और फॉरेंसिक जांच भी की जा रही है।
पुलिस ने तकनीकी संसाधनों और रणनीतिक दबिशों की मदद से गड़रा कांड के मुख्य आरोपियों तक पहुंच बना ली है। हालांकि, अभी भी कुछ आरोपी फरार हैं और पुलिस उन्हें पकड़ने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस पूरे मामले का पटाक्षेप कर दिया जाएगा और सभी दोषियों को कानून के कटघरे में खड़ा किया जाएगा।

