रात के सन्नाटे में रहस्यमयी आगजनी से दो घर राख, लाखों की संपत्ति जलकर खाक
पीड़ित परिवार ने गढ़ थाने में दिया आवेदन, जांच व कार्रवाई की मांग
विंध्य वसुंधरा समाचार रीवा (म.प्र.), गढ़ थाना क्षेत्र।
गढ़ थाना अंतर्गत ग्राम परासी में शनिवार और रविवार की दरम्यानी रात एक भीषण आगजनी की घटना से हड़कंप मच गया। यह आगजनी इतनी रहस्यमयी और तीव्र थी कि देखते ही देखते दो परिवारों के आशियाने जलकर राख हो गए। इस घटना में लाखों रुपये मूल्य का घरेलू सामान, आवश्यक दस्तावेज और अनाज स्वाहा हो गया।
घटना रात करीब 1:30 बजे की है, जब गांव के निवासी राजमणि मिश्रा अपने परिवार सहित घर में सो रहे थे। उसी दौरान अचानक जलती हुई खपड़ों और लकड़ियों के टुकड़े उनके घर की छत से नीचे गिरने लगे। उनकी पत्नी कौशल्या मिश्रा की नींद आवाज सुनकर खुली, और उन्होंने देखा कि घर के छप्पर में आग लगी हुई है।
कौशल्या देवी ने तुरंत शोर मचाया, जिसके बाद आस-पास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आग बुझाने में सहायता की। ग्रामीणों के प्रयासों के बावजूद आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पास ही स्थित राजमणि मिश्रा के पिता, स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद मिश्रा के पुराने मकान को भी अपनी चपेट में ले लिया।
इस हादसे में दोनों घरों में रखे कपड़े, लकड़ी का सामान, अनाज, आवश्यक दस्तावेज एवं घरेलू उपयोग की अनेक वस्तुएं जलकर नष्ट हो गईं। अनुमानित रूप से लगभग 1.5 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति का नुकसान हुआ है। विशेषकर राजमणि मिश्रा के घर में रखे जरूरी कागजात और अभिलेखों का जलना पीड़ित परिवार के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
राजमणि मिश्रा ने घटना की जानकारी गढ़ थाने में एक लिखित आवेदन पत्र के माध्यम से दी है और मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच कर दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी आशंका जताई है कि यह आग किसी शरारती तत्व द्वारा जानबूझकर लगाई गई हो सकती है, क्योंकि आग के प्रारंभिक स्रोत का कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है।


