📰 मऊगंज का सिरप कांड: मासूम की मौत का रहस्य जानने कब्र खोदकर निकाली गई लाश — रीवा मेडिकल कॉलेज में होगा पोस्टमार्टम
मऊगंज जिले में 5 माह के मासूम की रहस्यमय मौत ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। बताया गया कि सर्दी-खांसी से पीड़ित बच्चे को परिजनों ने बिना डॉक्टर की सलाह लिए एक मेडिकल स्टोर से सिरप खरीदकर पिलाया था। सिरप पीने के कुछ ही मिनटों बाद बच्चे की मौत हो गई। यह मामला अब गंभीर जांच के घेरे में आ गया है।
⚖️ मौत के कारण का पता लगाने कब्र खोदी गई
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस और प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया। मृतक मासूम का शव, जिसे परिजनों ने पहले ही बिना शिकायत दफना दिया था, अब जांच के लिए कब्र से निकालकर बाहर लाया गया है। रीवा के श्याम शाह मेडिकल कॉलेज में पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच कर यह पता लगाया जाएगा कि बच्चे की मौत आखिर किस कारण से हुई।
🧪 बिना पर्ची के दी गई थी दवा
जानकारी के अनुसार, मऊगंज जिले के हनुमना थाना क्षेत्र के ग्राम खटखरी निवासी एक यादव परिवार का 5 माह का मासूम कुछ दिनों से सर्दी-खांसी से पीड़ित था। मां श्वेता यादव अपने बच्चे को लेकर स्थानीय बाजार खटखरी पहुंची, जहां उसने पास के एक मेडिकल स्टोर से दवा मांगी।
बताया गया कि मेडिकल स्टोर संचालक ने बिना किसी डॉक्टर की पर्ची या जांच के सीधे अपने पास रखी सिरप बच्चे को पिला दी। सिरप पीने के कुछ ही मिनटों में बच्चे की हालत बिगड़ गई और देखते ही देखते उसकी मां की गोद में ही मौत हो गई।
🚨 प्रशासनिक कार्रवाई और सील हुआ मेडिकल स्टोर
घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया। प्रारंभिक जांच में पाया गया कि मेडिकल स्टोर संचालक बिना किसी वैध चिकित्सीय पर्ची के दवाइयां बेच रहा था।
प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए मेडिकल स्टोर को सील कर दिया और संचालक के खिलाफ बिना पर्ची दवा बेचने तथा लापरवाही से मृत्यु का कारण बनने का मामला दर्ज कर लिया है।
👪 परिजनों ने पहले नहीं की थी शिकायत
बच्चे की अचानक मौत से सदमे में आए परिजनों ने प्रारंभ में कोई शिकायत नहीं की थी और शव को दफन कर दिया था। लेकिन जब घटना मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए चर्चा में आई तो प्रशासन हरकत में आया। अधिकारियों ने मामले की तह तक जाने के लिए मृतक का शव कब्र से निकलवाने का निर्णय लिया ताकि फॉरेंसिक रिपोर्ट से वास्तविकता सामने आ सके।
🔍 अब फॉरेंसिक रिपोर्ट से खुलेगा सच
पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने शव को बाहर निकालकर रीवा मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। वहां विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा पोस्टमार्टम और विष विज्ञान (टॉक्सिकोलॉजी) जांच की जाएगी।
फॉरेंसिक रिपोर्ट से यह स्पष्ट होगा कि बच्चे की मौत सिरप में मौजूद किसी जहरीले तत्व या रासायनिक प्रतिक्रिया से हुई, या फिर किसी अन्य चिकित्सीय कारण से।
📢 प्रशासन की सख्ती — अवैध दवा बिक्री पर कसा शिकंजा
मऊगंज प्रशासन ने कहा है कि यह मामला केवल एक बच्चे की मौत नहीं, बल्कि अवैध और लापरवाह दवा बिक्री पर बड़ा सवाल है। जिले के सभी मेडिकल स्टोरों की जांच अभियान शुरू की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदी दोबारा न हो।

